गायिका जगजीत कौर
गीतकार आमिर खुसरो
संगीतकार खैय्याम
काहे को ब्याहे बिदेस, अरे लखियन बाबुल मोहे \-२
काहे को ब्याहे बिदेस ...
हम तो बाबुल तोरे बेले की कलियन \-२
अरे घर\-घर माँगे हैं जाए
अरे लखियन बाबुल मोहे ...
काहे को ब्याहे बिदेस ...
महलन तले से डोला जो निकला \-२
अरे बीरन में छाए पछाड़ (???)
अरे लखियन बाबुल मोहे
काहे को ब्याहे बिदेस ...
भैया को दियो बाबुल महलन दो महलन \-२
अरे हम को दियो पर्देश
अरे लखियन बाबुल मोहे
काहे को ब्याहे बिदेस
अरे लखियन बाबुल मोहे
काहे को ब्याहे बिदेस
अरे लखियन बाबुल मोहे
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